Bluepadप्रकृति
Bluepad

प्रकृति

Umesh Shukla
Umesh Shukla
29th Nov, 2021

Share

प्रकृति पर नहीं चल सकी
कभी किसी की मनमानी

जिसने इसे ठुकराना चाहा
है उसे पड़ी मुंह की खानी

एक नहीं कई बार प्रकृति ने
मानव को औकात बताई है

कभी तूफां. कभी जल प्रलय
कभी सूखे से तबाही मचाई है

0 

Share


Umesh Shukla
Written by
Umesh Shukla

Comments

SignIn to post a comment

Recommended blogs for you

Bluepad