Bluepad | Bluepad
Bluepad
Wednesday👽
Mysterious vision
Mysterious vision
18th Jan, 2023

Share

इक किरदार
आँखो मैं जैसे गेहराईया..
दिमाग मैं जैसे पहेलिया..
हर अदा हर अंदाज अनोखा..
दिखने मैं अजिबोगरीब सी
पर हरकते शातीर सी
खतरो से भरे इरादे
जैसे नफरत हो जिंदगी से
ना होने की ख़ुशी ना कुछ गम
बस मौत के रंगीन नजारे
रंगो से कुछ तालूक हीं नहीं
काला रंग हीं सबसे प्यारा..
क्या कोई कहे या क्या करे
कुछ फर्क नहीं पडता...
जैसे कुछ मेहसूस हीं ना हो...
जिंदा लाश की तरह
गुप्त से राज खोलकर
सिर्फ सच की तलाश करे और
गुनाहो की सजा दे सके..
किसी पर ज्यादा भरोसा ना करना
किसी की कोई बात ना सुनना
है तो है.. नहीं तो नहीं
खुद पे भरोसा कर सवाल के
जवाब धूँडना...
अकेले रेहने का बडा हीं सुकून
ना साथ कोई चाहिये.. ना हीं जरुरी
मतलब से काम निकलने की खुबी
जैसी हूं सो हूं...
इक ऐसा किरदार जो devil सा है
सुनसान खामोश गंभीर सा
गेहराइयों मैं डुबा ने वाला...
और मेहसूस किया तो डरावना... सा
ऐसा इक किरदार......

172 

Share


Mysterious vision
Written by
Mysterious vision

Comments

SignIn to post a comment

Recommended blogs for you

Bluepad